फिल्म ‘गोदान’ के प्रदर्शन का महापौर ने किया शुभारम्भ -महापौर ने स्कूली बच्चों और कार्यकर्ताओं के साथ देखी फिल्म
फिल्म ‘गोदान’ के प्रदर्शन का महापौर ने किया शुभारम्भ
-महापौर ने स्कूली बच्चों और कार्यकर्ताओं के साथ देखी फिल्म

रूद्रपुर । प्रेम सिने प्लेक्स थिएटर में बुधवार को गौ-माता के धार्मिक, सामाजिक और वैज्ञानिक महत्व पर आधारित फिल्म ‘गोदान’ के विशेष शो का महापौर विकास शर्मा ने दीप प्रज्वलित कर विधिवत शुभारंभ किया। इस अवसर पर उन्होंने विभिन्न स्कूलों के बच्चों और पार्टी कार्यकर्ताओं के साथ बैठकर फिल्म देखी। शुभारम्भ पर कार्यकर्ताओं द्वारा लगाए गए ‘वंदे मातरम’, भारत माता की जय और गौ-माता की जय के नारों से पूरा सिनेमा हॉल ऊर्जा से सराबोर हो गया।
फिल्म के महत्व पर प्रकाश डालते हुए महापौर विकास शर्मा ने कहा, गोदान मात्र एक फिल्म नहीं, बल्कि एक सामाजिक और सांस्कृतिक चेतना का जीवंत दस्तावेज है, जो हमें हमारी प्राचीन जड़ों और गौरवशाली विरासत से जोड़ती है। यह फिल्म 6 फरवरी को देश भर में रिलीज हुई है और इसकी सबसे बड़ी विशेषता यह है कि यह केवल मनोरंजन तक सीमित नहीं है। फिल्म की कहानी एक ऐसे आधुनिक वैज्ञानिक के इर्द-गिर्द घूमती है, जो प्रारंभ में तर्क और विज्ञान की कसौटी पर सब कुछ देखता है, लेकिन जब उसके जीवन में गौ-माता का प्रवेश होता है, तो उसकी पूरी सोच और जीवनशैली बदल जाती है। यह फिल्म हमें बताती है कि भारतीय परंपरा और पंचगव्य चिकित्सा किस प्रकार वैज्ञानिक रूप से भी श्रेष्ठ हैं।
उन्होंने कहा यह फिल्म हमें वर्ष 1966 के उस ऐतिहासिक गौ रक्षा आंदोलन की याद दिलाती है, जहाँ हमारे पूर्वजों ने गौ-वंश की रक्षा के लिए महान बलिदान दिए थे। सनातन धर्म में गाय को केवल एक पशु नहीं, बल्कि ‘माता’ का दर्जा दिया गया है और यह फिल्म उस पवित्र स्थान को न्यायोचित ठहराती है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी जी ने उत्तराखण्ड में इस फिल्म को टैक्स फ्री करके एक अत्यंत सराहनीय और ऐतिहासिक निर्णय लिया है, ताकि अधिक से अधिक लोग, विशेषकर युवा और बच्चे इस फिल्म के माध्यम से अपनी संस्कृति को जान सकें। महापौर ने शहरवासियों से अपील करते हुए कि वे अपने परिवार के साथ इस फिल्म को जरूर देखें, क्योंकि यह समाज में गौ-सेवा और जीवन मूल्यों के प्रति एक सकारात्मक दृष्टिकोण पैदा करने में मील का पत्थर साबित होगी।
भाजपा जिलाध्यक्ष कमल जिंदल ने फिल्म की सराहना करते हुए कहा आज के आधुनिक युग में जब युवा पीढ़ी अपनी संस्कृति से दूर हो रही है, तब गोदान जैसी फिल्में समाज को आईना दिखाने का काम करती हैं। सनातन धर्म में गाय को माता का दर्जा दिया गया है और यह फिल्म वैज्ञानिक तथ्यों के साथ सिद्ध करती है कि गौ-सेवा केवल धार्मिक अनुष्ठान नहीं, बल्कि स्वस्थ समाज का आधार है। हम सभी को अपने परिवार और बच्चों के साथ यह फिल्म देखनी चाहिए ताकि वे अपनी गौरवशाली परंपराओं को समझ सकें। पार्टी कार्यकर्ताओं का प्रयास होना चाहिए कि इस फिल्म का संदेश जन-जन तक पहुँचे।इस अवसर पर जिला महामंत्री तरुण दत्ता, समाजसेवी विजय भूषण गर्ग, हिमांशु शुक्ला, पार्षद सुशील चौहान, पार्षद चिराग कालड़ा, रचित, अक्षय गहलौत, विजय तोमर, प्रमोद मित्तल, रोशन अरोरा और पारस चुघ सहित बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ता एवं विभिन्न स्कूलों के छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।