
यूरोप दौरे पर प्रधानमंत्री मोदी, वैश्विक मुद्दों और नए सहयोग पर रहेगा फोकस


नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपने महत्वपूर्ण यूरोप दौरे के तहत फ्रांस और स्लोवाकिया की यात्रा पर रवाना हो गए हैं। इस दौरान वे अंतरराष्ट्रीय मंचों पर भारत का पक्ष मजबूती से रखेंगे और दोनों देशों के साथ सहयोग को नई दिशा देने के लिए उच्चस्तरीय बैठकों में हिस्सा लेंगे।
फ्रांस में आयोजित होने वाले जी7 शिखर सम्मेलन में प्रधानमंत्री मोदी वैश्विक अर्थव्यवस्था, ऊर्जा सुरक्षा, जलवायु परिवर्तन और उभरती तकनीकों जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा करेंगे। भारत की ओर से विकासशील देशों से जुड़े मुद्दों को प्रमुखता से उठाए जाने की संभावना है।
दौरे के दौरान प्रधानमंत्री मोदी और फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों के बीच द्विपक्षीय वार्ता भी होगी। दोनों नेता रक्षा, व्यापार, निवेश, अंतरिक्ष, कृत्रिम बुद्धिमत्ता और स्वच्छ ऊर्जा जैसे क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर विचार-विमर्श करेंगे। भारत और फ्रांस के बीच लंबे समय से मजबूत रणनीतिक साझेदारी रही है, जिसे और आगे बढ़ाने पर जोर रहेगा।
प्रधानमंत्री मोदी पेरिस में आयोजित प्रौद्योगिकी और नवाचार से जुड़े एक प्रमुख कार्यक्रम में भी भाग ले सकते हैं, जहां स्टार्टअप, डिजिटल तकनीक और नवाचार पर चर्चा होगी।
फ्रांस के बाद प्रधानमंत्री स्लोवाकिया का दौरा करेंगे। इस यात्रा के दौरान दोनों देशों के बीच व्यापार, उद्योग, शिक्षा और तकनीकी सहयोग को बढ़ावा देने के उपायों पर चर्चा होने की उम्मीद है। माना जा रहा है कि यह यात्रा भारत और स्लोवाकिया के संबंधों को नई मजबूती प्रदान करेगी।
विशेषज्ञों के अनुसार, यह दौरा भारत के यूरोप के साथ बढ़ते संबंधों को और मजबूत करने के साथ-साथ वैश्विक स्तर पर देश की भूमिका को भी सशक्त बनाने में मददगार साबित हो सकता है। जी7 सम्मेलन के इतर प्रधानमंत्री मोदी की कई अन्य विश्व नेताओं से मुलाकात भी संभव है।
